350+ हिंदी मुहावरे: Hindi Muhavare मुहावरे क्या होते हैं अर्थ व वाक्य प्रयोग

350+ हिंदी मुहावरे क्या होते हैं और इनका अर्थ क्या होता है एवं 350+ Hindi Muhavare के वाक्य प्रयोग क्या होते है जाने हिंदी में

भारत की जो राष्ट्रीय भाषा है वह हम सबको बहुत अच्छी तरीके से पता है कि हिंदी है और हिंदी ही एकमात्र ऐसी भाषा है क्योंकि सभी भाषा वर्गों को एक समान क्षेत्र में लाकर खड़ा करती है और आज के समय में जितने भी सरकारी नौकरी आती हैं उन सभी में हिंदी का बहुत अधिक महत्व देखने को मिलता है क्योंकि परीक्षार्थी हिंदी विषय की अधिक से अधिक तैयारियों में जुटे रहते हैं इसी हिंदी विषय में एक ऐसा वर्ग होता है जिसे हम मुहावरे के नाम से जानते हैं जो कि ज्यादातर प्रतियोगी परीक्षाओं में भी पूछे जाते हैं आज हम इस आर्टिकल के माध्यम से 350 हिंदी मुहावरे बताने का प्रयास करेंगे तथा उसके साथ ही साथ उसके अर्थ वाक्य प्रयोग भी बताएंगे।

Table of Contents

मुहावरे क्या होते हैं?

हिंदी विषय में एक ऐसा अध्याय जिसमें आम बोलचाल की भाषा में प्रयोग होने वाले जो वाक्य होते हैं उनको हम मुहावरे कहते हैं देखा जाए तो Hindi Muhavare शब्द जो है वह अरबी भाषा से लिया गया है वही इसका हिंदी मतलब अभ्यास होना होता है बहुत से ऐसे मुहावरे हैं जो कि सामान्य से ज्यादा बोलचाल की भाषा के जो होते हैं वह ज्यादा स स्वर और सुनने में अच्छे लगते हैं तो आज हम उन्हीं Hindi Muhavare को आपके सामने प्रस्तुत करेंगे जिससे आप आसानी से इन मुहावरों को पढ़ सकें तो आइए निम्नलिखित हम आपको उन मुहावरों से रूबरू कराते हैं।

Hindi Muhavare

इंग्लिश बोलना कैसे सीखे 

दैनिक जीवन में उपयोग होने वाले मुहावरे,उनका अर्थ और वाक्य प्रयोग

आम बोलचाल की भाषा में जिन Hindi Muhavare को ज्यादा से ज्यादा उपयोग किया जाता है उनके बारे में हम आपको निम्नलिखित बताने जा रहे हैं।

  • अंधेर नगरी चौपट राजा (मूर्ख राजा के राज्य में अन्याय होना)

वाक्यप्रयोग: हमारे समाज में गरीब को दिन रात मेहनत करके भी उतना नहीं मिलता जितना अमीर को बिना कुछ करे ही मिल जाता है इसलिए ये ukti अंधेर नगरी चौपट राजा इस समाज के लिए बिल्कुल उचित नहीं है।

  •  अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत (नुकसान हो जाने के बाद पछताना बेकार है)

वाक्यप्रयोग: रामू को पहले ही कहा था कि नल को बंद कर दे अब पानी पूरा बह चुका है रामू के लिए अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत की स्थिति बन गई है।

  •  अंधों में काना सरदार(सभी मूर्खों में किसी एक का समझदार होना)

वाक्यप्रयोग: अंकुर के परिवार में सभी अनपढ़ थे और अंकुर ने 12वीं की परीक्षा उत्तीर्ण कर ली किसी ने ठीक ही कहा है अंधों में काना सरदार ही होता है।

  • अंत बुरे का बुरा (बुरा कार्य करने वाले व्यक्ति का भी अंत में बुरा ही होता है)

वाक्यप्रयोग: रमेश ने सारी जिंदगी चोरी करके बहुत रुपए कमाए परंतु अंत में उसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया इसलिए किसी ने ठीक ही कहा है अंत बुरे का बुरा ही होता है।

  • अपनी गली में कुत्ता भी शेर होता है (अपने घर में ताकतवर व्यक्ति भी कमजोर दिखाई पड़ता है)

वाक्यप्रयोग: विकास अकेले ही श्याम के मोहल्ले में पहुंच गया था ऐसे में श्याम उसे अनाप-शनाप बोले जा रहा था तब विकास ने उसे कहा कि अपनी गली में कुत्ता भी शेर होता है।

  • अंधे के आगे रोए अपने नैना खोए (हृदय हीन व्यक्ति के आगे रोना बेकार है)

वाक्यप्रयोग: एक गरीब इंसान इलाज के लिए अपने मालिक के सामने गिर जाता है परंतु उसके मालिक पर कोई फर्क नहीं पड़ता इसलिए ठीक ही कहा गया है कि अंधे के आगे रोज अपने नैना खोए।

  • खोदा पहाड़ निकली चुहिया (प्रयत्न अधिक परंतु लाभ कम)

वाक्यप्रयोग: लाखों रुपए लगाकर रमेश ने दुकान खोली थी परंतु मुनाफा उसे बिल्कुल ना हुआ ऐसे में रमेश ने खोदा पहाड़ निकली चुहिया जैसा कार्य किया।

  • कागा चला हंस की चाल (अयोग्य व्यक्ति को योग बनाने का प्रयत्न करना)

वाक्यप्रयोग: अनपढ़ व्यक्ति का संस्कृत का विज्ञान बनाने का प्रयास करना कागा चला हंस की चाल कहावत को चरितार्थ करने के बराबर है।

  •  काठ की हांडी एक ही बार चढ़ती है (कपट पूर्ण व्यवहार बार-बार सफल नहीं होता)

वाक्यप्रयोग:₹2000 देकर ही पूछता रहा हूं दोबारा तुम्हारे बहकावे में नहीं आ सकता क्योंकि काठ की हांडी एक ही बार चढ़ती है।

  •  खग ही जाने खग की भाषा(जो जिस संगति में रहता है वह उसका पूरा रहस्य जानता है)

वाक्यप्रयोग: तुम्हें राम में हमेशा दोषी दिखाई देता है वास्तविकता तो उसके मित्रों से पूछो क्योंकि खग ही जाने खग की भाषा।

  • खिसियानी बिल्ली खंबा नोचे (लज्जित होकर क्रोध प्रकट करना)

वाक्यप्रयोग: तुम्हें मोहन ने विपरीत बातें कहीं उसने तो तुमसे कुछ ना कहा अब तुम मुझे उसका उत्तर देने के लिए कह रहे हो या तो वही बात हुई खिसियानी बिल्ली खंबा नोचे।

  • गुड़ खाए गुलगुले से परहेज (बनावटी चीजों का त्याग करना)

वाक्यप्रयोग: शर्मा जी ने कहा था कि वह प्यास नहीं खाते परंतु उन्होंने प्यास का डोसा बड़े चाव के साथ खाया ऐसे टंडन जी ने उनसे कहा कि वह शर्मा जी गुड़ खाए गुलगुले से परहेज।

  • अंत भला तो सब भला(परिणाम अच्छा होने पर कार का अच्छा समझ आ जाना)

वाक्यप्रयोग: शेयर मार्केट में शेयर खरीदना जोखिम वाला काम था परंतु लाभ मिला तो ऐसे लगा अंत भला तो सब भला।

  • अंधा क्या चाहे दो आंखें (उपयोगी वस्तुओं का मिल जाना)

वाल्यप्रयोग: एक भिखारी 2 दिन से भूखा था तभी उसने मंदिर में भंडारा होता देख लिया तो उससे लगा मानो अंधे को दो आंख मिल गई हो।

  • अंधी पीसे कुत्ता खाए (किसी के परिश्रम को व्यर्थ करना)

वाक्यप्रयोग: बेचारी बुढ़िया की सारी कमाई उसके पोते ने शराब और जुए में उड़ा दी यह तो वही बात हुई ना अंधी पीसे कुत्ता खाए।

  • अकल बड़ी या भैंस (शारीरिक शक्ति की अपेक्षा अधिक शक्ति अधिक बड़ी होती है)

वाक्यप्रयोग: शारीरिक रूप से सक्षम होने के बावजूद भी श्याम मोहन से शतरंज में हार गया इसी को कहते हैं अकल बड़ी या भैंस।

  • अपना हाथ जगन्नाथ(अपना कार्य स्वयं करना ही श्रेष्ठ माना जाता है)

वाक्यप्रयोग: परिवार में कितने सदस्य होने पर भी राधा अपना सारा काम स्वयं करती है वह कहती है कि अपना हाथ जगन्नाथ।

  • अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ सकता (अकेला व्यक्ति सीमित कार्य ही कर सकता है)

वाक्यप्रयोग: 20 आदमियों के परिवार का भरण पोषण अकेला शाम नहीं कर सकता इसलिए यह लोग कहते हैं कि अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ सकता।

  • इधर कुआं उधर खाई(हर तरफ मुसीबत)

वाक्यप्रयोग: ऑफिस से घर जाते वक्त एक पागल कुत्ता पीछे पड़ गया था जैसे तैसे उस से बचते हुए मैं पेड़ पर चढ़ गया परंतु वहां बंदर पीछे पड़ गया इस परिस्थिति को हम इधर कुआं उधर खाई कह सकते हैं।

  • उल्टे बांस बरेली (विपरीत कार्य करना)

वाक्यप्रयोग:लालाजी आगरा है तो दोस्तों के लिए टूंडला स्टेशन से पेठा खरीदने लगा मैंने का उल्टे बांस बरेली क्यों ले जा रहे हो आगरा तो पेठे की मंडी है।

  • ऊंट के मुंह में जीरा (आवश्यकता से कम प्राप्त होना)

वाक्यप्रयोग: 20 रोटी खाने वाले आकाश के लिए तुम्हारी या दो रोटी ऊंट के मुंह में जीरा का कार्य करेगी।

  • उल्टा चोर कोतवाल को डांटे (दोषी व्यक्ति निर्दोष पर दोष लगाएं)

वाक्यप्रयोग: अध्यापक ने बच्चों को ठीक से पढ़ा या नहीं और ऊपर से वह बच्चों को ही डांट रही थी इसी को कहते हैं उल्टा चोर कोतवाल को डांटे।

  • काला अक्षर भैंस बराबर (बिल्कुल अनपढ़)

वाक्यप्रयोग: शिवम को किताब देने का क्या लाभ उसके लिए तो काला अक्षर भैंस बराबर है।

  • एक थाली के चट्टे बट्टे (एक जैसे सोच वाले)

वाक्यप्रयोग: यहां सब के चेहरे तो अलग-अलग हैं परंतु स्वभाव से सभी दृष्टि प्रवृत्ति के ही हैं तभी कहा जाता है कि सभी एक थाली के चट्टे बट्टे हैं।

Hindi Muhavare

मानव शरीर के अंगों से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण मुहावरे और उनके अर्थ

आपने हमेशा यह देखा होगा कि जितने भी Hindi Muhavare होते हैं वह सभी हमारे दैनिक जीवन में काफी ज्यादा बोले जाते हैं ऐसे में कुछ ऐसे भी मुहावरे होते हैं जो हमारे मानव जीवन से संबंधित शरीर के अंग होते हैं उन्हीं के आधार पर मुहावरों को बनाया जाता है तो आइए निम्नलिखित हम उन्हीं अंगों से संबंधित जितने भी Hindi Muhavare हैं वह आपको बताने जा रहे हैं।

अक्ल संबंधित Hindi Muhavare और उनके अर्थ

अक्ल के पीछे लाठी लिए फिर नामूर्खतापूर्ण कार्य करना
अक्ल घास चरने जानाकुछ ना सोचना
अक्ल पर पत्थर पड़नाबुद्धि भ्रष्ट होना
अक्ल का दुश्मनमूर्ख व्यक्ति

अंगूठे से संबंधित मुहावरे और उसके अर्थ

  • अँगूठा चूमना– खुशामद करना
  • अंगूठा दिखाना— देने से इंकार करना
  • अंगूठा नचाना– चिढ़ाना
  • आँसू पोंछना – धीरज बँधाना

आंसू से संबंधित मुहावरे और उसके अर्थ

  • आँसू बहाना– खूब रोना
  • आँसू पी जाना— दुःख को छिपा लेना

आंख से संबंधित मुहावरे और उसके अर्थ

  • आँख उठाना– हानि पहुँचाने की दृष्टि से देखना
  • आँखें चार होना – देखा-देखी होना
  • आँखें ठंढी होना – इच्छा पूरी होना
  • आँख दिखाना— क्रोध प्रकट करना
  • आँखों पर बिठाना– आदर करना
  • आँखें फेरना – नजर बदलना
  • आँखें बिछाना– बेसब्री से प्रतीक्षा
  • आँख भर आना– आँसू आना
  • आँखें लड़ना– देखादेखी होना, प्रेम होना
  • आँखें लाल करना – क्रोध की नजर से देखना
  • आँखें थकना– प्रतीक्षा में निराश होना
  • आँखों में चर्बी छाना– घमण्डी होना
  • आँखों में खटकना– बुरा लगना
  • आँखें नीली-पीली करना – नाराज होना
  • आँख का अंधा, गाँठ का पूरा– मूर्ख धनवान
  • आँखों की किरकिरी होना– शत्रु होना
  • आँखों का प्यारा या पुतली होना – बहुत प्यारा होना
  • आँखों का पानी ढल जाना– लज्जारहित हो जाना
  • आँखें सेंकना – किसी की सुन्दरता देख आँखें जुड़ाना
  • आँखें खुलना– सजग होना
  • आँखें आना– आँख में एक प्रकार की बीमारी होना
  • आँखें चुराना– सामने आने से परहेज करना
  • आँखें गड़ाना– दिल लगाना, इच्छा करना
  • आँखों में गड़ना– अत्यन्त अप्रिय होना
  • आँख फड़कना– सगुन उचरना
  • आँखें लगना– प्रेम करना, जरा-सी नींद आना
  • आँख मारना – इशारा करना
  • आँख रखना– ध्यान रखना
  • आँख में पानी रखना– मुरौवत रखना

ओठ से संबंधित मुहावरे और उसके अर्थ

  • ओठ चाटना – स्वाद की इच्छा रखना
  • ओठ मलना– दण्ड देना
  • ओठ चवाना – क्रोध करना
  • ओठ सूखना – प्यास लगना

कान से संबंधित मुहावरे और उसके अर्थ

  • कान उमेठना– शपथ लेना
  • कान खोलना– सावधान करना
  • कान देना– ध्यान देना
  • कान पर जून रेंगना– बेखबर रहना
  • कानों में तेल डालकर बैठ जाना– बात सुनकर भी ध्यान न देना
  • कान पकड़ना– प्रतिज्ञा करना
  • कान भरना– निन्दा करना
  • कानों कान खबर होना– बात फैलना
  • कान फूंकना -चेला बनाना ,गुरुमंत्र देना
  • कान काटना– बढ़कर काम करना
  • कान खड़े होना– होशियार होना

कलेजे से संबंधित मुहावरे और उसके अर्थ

  • कलेजे से लगाना– प्यार करना, छाती से चिपका लेना
  • कलेजा काँपना– डरना
  • कलेजा थामकर रह जाना – अफसोस कर रह जाना
  • कलेजा निकाल कर रख देना -अतिप्रिय वस्तु अर्पित कर देना
  • कलेजा ठंढा होना– संतोष होना

उंगली से संबंधित मुहावरे और अर्थ

  • उँगली उठना– निन्दा होना
  • उँगली पकड़ते पहुँचा पकड़ना – थोड़ा-सा सहारा पाकर अधिक के लिए उत्साहित होना
  • कानों में उँगली देना – किसी बात को सुनने की चेष्टा न करना
  • पाँचों उँगलियाँ घी में होना– सब प्रकार से लाभ ही साम
  • सीधी उंगली से घी न निकलना– भलमनसाहत से काम न होना

खून से संबंधित मुहावरे और अर्थ

  • खून खौलना– गुस्सा चढ़ना
  • खून सूखना– अधिक डर जाना
  • खून सवार होना– किसी को मार डालने के लिए तैयार होना
  • खून पीना– मार डालना, सताना
  • खून सफेद हो जाना– बहुत डर जाना

गाल से संबंधित Hindi Muhavare और अर्थ

  • गाल फुलाना– रूठना
  • गाल बजाना– डींग मारना
  • काल के गाल में जाना – मृत्यु के मुख में पड़ना

दांत से संबंधित मुहावरे और अर्थ

  • दाँत काटी रोटी– गहरी दोस्ती
  • दाँत खट्टे करना– पस्त करना
  • दाँतों तले उँगली दबाना– दंग रह जाना
  • तालू में दाँत जमना– बुरे दिन आना
  • दाँत दिखाना– हार मानना, लाचारी प्रकट करना
  • दाँत जमाना -अधिकार पाने के लिए दृढ़ता दिखाना
  • दाँत गड़ाना– किसी वस्तु को पाने के लिए गहरी चाह करना
  • दाँत गिनना– उम्र बताना

नाक से संबंधित Hindi Muhavare और अर्थ

  • नाक कटना – इज्जत जाना
  • नाक काटना -इज्जत नष्ट करना
  • नाक का बाल होना – प्रिय होना
  • नाको चने चबवाना– खूब तंग करना
  • नाक पर मक्खी न बैठने देना– खरे स्वभाव का होना
  • नाक में दम करना -तंग करना
  • नाक रखना– प्रतिष्ठा रखना
  • नाक रगड़ना– मिन्नत करना
  • नाक में दम आना– तंग होना

हाथ से संबंधित मुहावरे और अर्थ

  • हाथ आना– अधिकार में आना
  • हाथ खींचना– अलग होना
  • हाथ खुजलाना – किसी को पीटने को जी चाहना
  • हाथ देना– सहायता देना
  • हाथ पसारना – माँगना
  • हाथ बँटाना– मदद करना
  • हाथ लगाना–आरंभ करना
  • हाथ मलना-पछताना
  • हाथ गरम करना-घूस देना हाथ घूमना-हर्ष व्यक्त करना
  • हाथ धोकर पीछे पड़ना– जी जान से लग जाना
  • हाथ पर हाथ धरे बैठना – बेकार बैठे रहना
  • हाथ फैलाना– याचना करना
  • हाथ मारना– उड़ा लेना, लाभ उठाना
  • हाथ साफ करना – मारना, उड़ा लेना, खूब खाना
  • हाथ धो बैठना-आशा खो देना
  • हाथापाई करना – मुठभेड़ होना
  • हाथ पकड़ना– किसी स्त्री को पत्नी बनाना ,आश्रय देना

मुंह से संबंधित मुहावरे और अर्थ

  • मुँह खुलना – उद्दण्डतापूर्वक बातें करना, बोलने का साहस होना
  • मुँह देना या डालना– किसी पशु का मुँह डालना
  • मुँह बन्द होना– चुप होना
  • मुँह में पानी भर आना– ललचना
  • मुँह से लार टपकना– बहुत लालची होना
  • मुँह काला होना– कलंक या दोष लगना
  • मुँह धो रखना– आशा न रखना (व्यंग्य)
  • मुँह पर हवाई उड़ना– घबरा जाना
  • मुँहफट हो जाना– निर्लज्ज होना
  • मुँह फुलाना– रूठ जाना
  • मुँह बनाना – असंतुष्ट होना
  • मुँह मोड़ना– ध्यान न देना
  • मुँह लगाना – सिर चढ़ाना
  • मुँह रखना– लिहाज रखना
  • मुँहदेखी करना – पक्षपात करना
  • मुँह चुराना – संकोच करना
  • मुँह में लगाम न होना– जो मुँह में आये सो कह देना
  • मुँह चाटना– खुशामद करना
  • मुँह भरना– घूस देना
  • मुँह लटकाना– रंज होना
  • मुँह आना– मुँह की बीमारी होना
  • मुँह की खाना– परास्त होना
  • मुँह सूखना– भयभीत होना
  • मुँह ताकना –किसी का आसरा करना
  • मुँह में खून लगना – बुरी चाट पड़ना, चसका लगना
  • मुँह फेरना – अकृपा करना
  • मुँह मीठा करना- प्रसन्न करना
  • मुँह से फूल झड़ना– मधुर बोलना
  • मुँह में धी-शक्कर -किसी अच्छी भविष्यवाणी का अनुमोदन करना
  • मुँह से मुँह मिलाना– हाँ में हाँ मिलाना, बही-खाता आदि में हिसाब सही न लिखकर भी जमा-खर्च या उत्तर सही लिख देना

सिर से संबंधितHindi Muhavare और अर्थ

  • सिर आँखों पर होना– सहर्ष स्वीकार होना
  • सिर उठाना– फुरसत पाना, विरोध में खड़ा होना
  • सिर पर चढ़ना– शोख होना
  • सिर ऊँचा करना -आदर का पात्र होन
  • सिर खाना– बकवास करना
  • सिर चढ़ाना– गुस्ताख करना
  • सिर झुकाना –आत्मसमर्पण करना
  • सिर पर पांव रखकर भागना– बहुत जल्द भाग जाना
  • सिर पड़ना– नाम लगना
  • सिर खुजलाना– बहाना करना
  • सिर धुनना– शोक करना
  • सिर पर भूत सवार होना – एक ही रट लगाना,
  • सिर फिर जाना– पागल हो जाना, घमंड होना धुन सवार होना
  • सिर चढ़कर बोलना– छिपाये न छिपना
  • सिर पर खेलना – प्राण दे देना
  • सिर मारना– प्रयत्न करना
  • सिर गंजा कर देना– मारने का भय दिखाना
  • सिर पर कफन बाँधना– शहादत के लिए तैयार होना

दांत से संबंधित मुहावरे और अर्थ

  • दाँत काटी रोटी– गहरी दोस्ती
  • दाँत खट्टे करना– पस्त करना
  • दाँतों तले उँगली दबाना– दंग रह जाना
  • तालू में दाँत जमना– बुरे दिन आना
  • दाँत दिखाना– हार मानना, लाचारी प्रकट करना
  • दाँत जमाना -अधिकार पाने के लिए दृढ़ता दिखाना
  • दाँत गड़ाना– किसी वस्तु को पाने के लिए गहरी चाह करना
  • दाँत गिनना– उम्र बताना

हिंदी में कुछ रोचक मुहावरे और उसके अर्थ

हिंदी विषय में या भी देखने को मिला है कि कुछ Hindi Muhavare जो होते हैं वह बहुत ज्यादा रोचक होते हैं और उनको बोलने में काफी आनंद भी आता है ऐसे में हम निम्नलिखित आपको कुछ रोचक Hindi Muhavare और उसके अर्थ भी दर्शाने जा रहे हैं।

  • उथल-पुथल मचाना– हलचल
  • एक से तीन बनाना – खूब नफा करना
  • एक लाठी से सबको हाँकना – उचित न्याय न करना
  • एक आँख से देखना – समान भाव रखना
  • एक आँख न भाना – तनिक भी अच्छा न लगना
  • एक न चलना – कोई उपाय सफल न होना
  • ऍड़ी-चोटी का पसीना एक करना – खूब परिश्रम करना
  • ईद का चाँद होना – बहुत दिनों के बाद दिखाई पड़ना
  • उलटी गंगा बहना – अनहोनी होना
  • उठ जाना – मर जाना
  • उन्नीस-बीस होना – बहुत कम अन्तर होना
  • उल्लू सीधा करना – अपना स्वार्थ साधना
  • उलटे छूरे से मूडना – बेवकूफ बनाकर लूटना
  • ऊँचा-नीचा सुनाना– भला-बुरा कहना
  • ऊँचा सुनना – कम सुनना
  • आटे-दाल की फिक्र होना – जीविका की चिन्ता
  • आसमान दिखाना – पराजित करना
  • आठ-आठ आँसू रोना – विलाप करना
  • आड़े आना-नुकसानदेह
  • आड़े हाथों लेना – झिड़कना, बुरा-भला कहना
  • आस्तीन का सौंप – कपटी मित्र इधर-उधर करना टालमटोल करना
  • इन्द्र का अखाड़ा-ऐश मौज की जगह
  • ईंट से ईंट बजना– ध्वस्त होना
  • ईंट का जवाब पत्थर से देना – दुष्ट के साथ दुष्टता करना
  • अक्ल का दुश्मन – मूर्ख
  • अक्ल चरने जाना — बुद्धि की कमी होना
  • अन्न-जल (या दाना-पानी) उठना – जीविका रहना, रहने का संयोग न होना, तबादला या स्थान परिवर्तन होना
  • अपना उल्लू सीधा करना – बेवकूफ बनाकर काम निकालना
  • अपने पाँव में आप कुल्हाड़ी मारना– जान-बूझकर आफत में पड़ना
  • अपने मुँह मिया मिट्टू बनना– अपनी तारीफ आपने आप करना
  • अगिया बैताल – क्रोधी
  • आकाश से तारे तोड़ना – कठिन कार्य करना
  • आकाश से बातें करना – बहुत ऊँचा होना
  • आकाश छूना – बहुत ऊँचा होना
  • आग का पुतला – क्रोधी
  • आग पर आग डालना– जले को जलाना
  • आग पर पानी डालना – क्रुद्ध को शांत करना, लड़नेवालों को समझाना-बुझाना
  • अंग अंग फूले न समाना-आनंदविभोर होना
  • अंगार बनना – लाल होना, क्रोध करना
  • अँचरा पसारना – माँगना, याचना करना
  • अंडे का शाहजादा – अनुभवहीन
  • अठखेलियाँ सूझना– दिल्लगी करना
  • अँधेर नगरी – जहाँ घाँधली और अन्याय होता
  • अंधेरे मुँह – प्रातः काल, तड़के
  • अक्ल पर पत्थर पड़ना – बुद्धिभ्रष्ट होना
  • अड़ियल टट्टू – रूक रूक कर काम करना
  • अपना घर समझना – बिना संकोच व्यवहार
  • अपना सा मुँह लेकर रह जाना— शर्मिन्दा होना
  • अपने पैरों पर खड़ा होना – स्वावलम्बी होना
  • अड़चन डालना– बाधा उपस्थित करना
  • अरमान निकालना – इच्छाएँ पूरी करना
  • अरण्य चन्द्रिका – निष्प्रयोजन पदार्थ

घरों में अधिकतर तौर पर इस्तेमाल होने वाले मुहावरे और उसके अर्थ

  • गुड़ गोबर करना – बनाया काम बिगाड़ना
  • गुड़ियों का खेल- सहज काम
  • गुरुघंटाल- बहुत चालाक
  • गूलर का फूल- दुर्लभ चीज
  • गतालखाते में जाना –नष्ट होना
  • गाँठ में बाँधना- खूब याद रखना
  • गिरगिट की तरह रंग बदलना- एक बात पर न रहना
  • गागर में सागर भरना –अधिक बात थोड़े में कहना
  • गज भर की छाती होना– उत्साहित होना
  • गड़े मुर्दे उखाड़ना – दबी हुई बात फिर से उभारना
  • गाढ़े में पड़ना- संकट में पड़ना
  • गोटी लाल होना – लाभ होना
  • गुदड़ी का लाल- गरीब के घर गुणवान का होना
  • गुल खिलना- विचित्र घटना होना, बखेड़ा होना
  • गुस्सा पीना- क्रोध सहकर रह जाना
  • गढा खोदना- हानि पहुँचाने का उपाय करना
  • गूलर का कीड़ा- सीमित दायरे में भटकना
  • घर का उजाला- कुलदीपक
  • घर बसना –घर में पत्नी का आना
  • घर का मर्द- बाहर डरपोक
  • घर का न घाट का –निकम्मा, कहीं का न रहना
  • घर का आदमी – कुटुम्ब, इष्ट मित्र
  • घात पर चढ़ना- तत्पर रहना
  • घी के दिये जलाना- मनोरथ पूर्ण होना, आनन्द -मंगल होना
  • घाव पर नमक छिड़कना-दुःखित को और दुःख देना
  • घात लगाना—मौके की तलाश में रहना
  • घास खोदना – व्यर्थ काम करना
  • घाव हरा होना – भूले हुए दुःख को याद करना
  • घाट-घाट का पानी पीना – अच्छे-बुरे अनुभव रखना
  • घोड़े बेचकर सोना -बेफिक्र होकर सोना
  • चलता पुर्जा – काफी चालाक
  • ओखली में सिर देना – इच्छापूर्वक किसी झंझट में पड़ना, कष्ट सहने पर उतारू होना
  • ओस के मोती – क्षणभंगुर
  • कलई खुलना-भेद प्रकट होना
  • कलम तोड़ना- खूब लिखना, अनूठी उक्ति लिखना, अनुपम रचना करना
  • कलेजा फटना-दिल पर बेहद चोट पहुँचना
  • करवटें बदलना- बैचैन रहना
  • कांटा बिछाना -अड़चन डालना
  • काला अक्षर भैस बराबर – अनपढ़, निरा मूर्ख
  • काँटे बोना- बुराई करना
  • काँटों में पसीटना- संकट में डालना
  • कमर बाँधना/कसना- दृढ़ संकल्प करना
  • काठ मार जाना – स्तब्ध हो जाना
  • काम तमाम करना -मार डालना, खत्म करना
  • किनारा करना – अलग होना
  • कौड़ी के मोल बिकना -बहुत सस्ता बिकना
  • कागजी घोड़े दौड़ाना- व्यर्थ की लिखा-पढ़ी करना
  • किरकिरा होना- आनन्द बिगड़ जाना
  • कुत्ते की मौत मरना- बुरी तरह मरना
  • कोदो देकर पढ़ना-अधूरी शिक्षा पाना
  • कपास ओटना –सांसारिक काम-धन्धों में लगेरहना
  • कीचड़ उछालना –निन्दा करना
  • कोल्हू का थैल- खूब परिश्रमी
  • किताब का कीड़ा होना -बराबर पढ़ते रहना
  • कागज काला करना – बिना मतलब लिखना
  • कौड़ी का तीन समझना – तुच्छ समझना
  • कौड़ी काम का न होना – किसी काम का न होना
  • कौड़ी कौड़ी जोड़ना- छोटी-मोटी सभी आय को कंजूसी के साथ बचाकर रखना
  • कचूमर निकालना- खूब पीटना
  • कटे पर नमक छिड़कना- विपत्ति के समय और दुःख देना
  • चाँद का टुकड़ा- बहुत सुन्दर
  • चाँद पर यूकना –किसी बड़े पुरुष को कलंक लगाना
  • चार चाँद लगाना- चौगुनी शीभा या इज्जत होता
  • चल निकलना- प्रगति करना ,बढ़ना
  • चिकने घड़े पर पानी पड़ना- उपदेश का कोई प्रभाव न पड़ना।
  • चोली-दामन का साथ -काफी घनिष्ठता
  • चुनौती देना – ललकारना
  • चुल्लू भर पानी में डूब मरना –अत्यन्त लज्जित होना
  • चैन की वंशी बजाना-सुख से समय बिताना
  • चोटी का पसीना ऍड़ी तक बहना –खूब परिश्रम करना
  • चण्डूखाने की गप- झूठी गप
  • चार दिन की चाँदनी- क्षणिक सुख
  • चम्पत हो जाना—भाग जाना
  • चींटी के पर जमना- ऐसा काम करना जिससे हानि या मृत्यु हो
  • चकमा देना- धोखा देना
  • चाचा बनाना–दण्ड देना
  • चरबी छाना–घमण्ड होना
  • चाँदी काटना-आनन्द से जीवन बिताना
  • चाँदी का जूता– रुपये का जोर

Conclusion: निष्कर्ष

आज उपरोक्त आर्टिकल के माध्यम से हमने आपको हिंदी विषय के सर्वश्रेष्ठ 350 Hindi Muhavare हिंदी मुहावरे उनके अर्थ उनके वाक्य में प्रयोग विस्तार से बताएं तथा मानव शरीर के अंगों के द्वारा बने रोचक मुहावरों को भी हमने दर्शाने का कार्य किया है जो कि प्रतियोगी परीक्षाओं में ज्यादातर पूछे जाते हैं हम आशा करते हैं कि Article आपके लिए काफी ज्यादा उपयोगी साबित होगा और आपके दैनिक जीवन में इन Hindi Muhavare को ज्यादा से ज्यादा उपयोग करने का भी अवसर मिलेगा।

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